Deepak Chaurasia Latest

भारत अभी तक यह तय नहीं कर पाया है कि उसे यूक्रेन का साथ देना है या फिर उसका साथ देना है. हालांकि भारत की तरफ से शांतिपूर्वक बातचीत से हल निकालने की बात कहीं गई है. मंत्री मोदी की तरफ से भी रूसी राष्ट्रपति पुतिन से फोन पर चर्चा की गई है.

रूस के हमलों के बीच यूक्रेन में तबाही मची हुई है. ताजा अपडेट के मुताबिक रूस की सेना यूक्रेन की राजधानी कीव तक पहुंच गई है. यूक्रेन के राष्ट्रपति बेबस नजर आ रहे हैं. हालांकि यूक्रेन अपनी क्षमता के अनुसार जी भर कर मुकाबला कर रहा है. यूक्रेन के राष्ट्रपति तरफ से कहा गया है कि शक्तिशाली देश दूर से तमाशा देख रहे हैं.

इन सबके बीच भारत में भी रूस यूक्रेन युद्ध को लेकर लोग प्रतिक्रिया दे रहे हैं और अपने हिसाब से समर्थन और विरोध कर रहे हैं. इस पूरे मामले पर पत्रकार दीपक चौरसिया ने एक ट्वीट किया है. उन्होंने लिखा है कि यूक्रेन ने कश्मीर मुद्दे पर UNO में भारत के खिलाफ वोट दिया था.

चौरसिया इस ट्वीट के बाद यूजर्स के निशाने पर आ गए. तपन शर्मा ने दीपक चौरसिया (Deepak Chaurasia) का जवाब देते हुए लिखा कि, लेकिन हटाई गई अफगान सरकार तो यूएनओ में भारत का समर्थन करती थी, फिर भी मोदी सरकार ने उसका साथ नहीं दिया.

सत्यमेव जयते नामक ट्विटर यूजर ने लिखा कि इसलिए हमारे 20000 भारतीय स्टूडेंट को 5 दिन पहले बोल दिया कि निकल लो अपने आप. भारत की सरकार आपको वापस नहीं लाएगी.

एन.आर. कदम नमक ट्विटर यूजर ने लिखा कि इस समय बदले की भावना की बजाय मानवता को बचाना जरूरी है. भारत के प्रधानमंत्री ने पुतिन से फोन पर चर्चा कर युद्ध रोकने की अपील की है. यूक्रेन ने अमेरिका, ब्रिटेन और नाटो के बहकावे में आकर खुद को मुसीबत में डाला है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here