Bihar

बिहार और झारखंड में केंद्रीय जांच एजेंसी सीबीआई और ईडी ने छापेमारी की है. बताया जा रहा है कि सीबीआई ने जॉब के बदले जमीन मामले में पटना में आरजेडी एमएलसी सुनील सिंह और राज्यसभा सांसद अशफाक करीम के यहां भी छापेमारी की है. बिहार में आरजेडी नेता के यहां सीबीआई की छापेमारी ऐसे वक्त पर हुई है जब बुधवार को विधानसभा में फ्लोर टेस्ट होना है.

इस छापेमारी पर आरजेडी एमएलसी का बयान आया है. उन्होंने कहा है कि यह जानबूझकर किया जा रहा है. इसका कोई मतलब नहीं है. वह यह सोच कर ऐसा कर रहा है कि डर के मारे विधायक उनके पक्ष में आएंगे. सीबीआई द्वारा दर्ज केस में बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव, उनकी पत्नी राबड़ी देवी सहित उनकी बेटी भी आरोपी हैं. दरअसल यह तथाकथित घोटाला यूपीए सरकार में लालू यादव के रेल मंत्री रहने के दौरान का है.

दूसरी तरफ ईडी भी एक्टिव हो गई है. ईडी ने झारखंड, तमिलनाडु, बिहार और दिल्ली में 17 ठिकानों पर छापेमारी की है. बताया जा रहा है कि ईडी ने यह कार्यवाही अवैध खनन और जबरन वसूली के मामले में की है. यह छापे प्रेम प्रकाश से जुड़े ठिकानों पर बताया जा रहे हैं. प्रेम प्रकाश के राजनेताओं के साथ मजबूत संबंध बताए जाते हैं. झारखंड में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के विधायक प्रतिनिधि पंकज मिश्रा से पूछताछ के बाद यह छापेमारी की गई है

यह पूरा मामला भर्ती घोटाले से जुड़ा हुआ बताया जाता है. आरोप है कि लालू यादव के रेल मंत्री रहते जॉब लगवाने के बदले जमीन और प्लॉट लिए गए. सीबीआई ने इसी मामले में जांच के बाद पिछले दिनों लालू यादव, राबड़ी देवी, मीसा यादव, हेमा यादव और कुछ ऐसे उम्मीदवारों पर केस दर्ज किया है जिन्हें प्लॉट या प्रॉपर्टी के बदले जॉब दी गई. इससे पहले सीबीआई ने मई में इस मामले में लालू यादव से जुड़ी 17 जगहों पर छापेमारी की थी.

आपको बता दें कि महागठबंधन सरकार के शक्ति परीक्षण से पहले सीबीआई की एंट्री हुई है. आरजेडी के दो सांसद एक एमएलसी के ठिकाने पर यह छापे हुए हैं. बहुमत परीक्षण से पहले बिहार से यह बहुत बड़ी खबर है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here