Ravish Kumar Modi ji

प्रधानमंत्री मोदी ने कांग्रेस द्वारा महंगाई बेरोजगारी और जीएसटी के मुद्दे पर किए गए प्रदर्शन को काले जादू की आड़ में ढकने की कोशिश की. प्रधानमंत्री मोदी द्वारा दिए गए बयान की काफी आलोचना हो रही है. लोग कह रहे हैं कि दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र के प्रधानमंत्री के मुंह से ऐसी बातें बिल्कुल शोभा नहीं देती. सोशल मीडिया से लेकर राजनीतिक गलियारों तक प्रधानमंत्री मोदी के बयान की आलोचना हो रही है और लोग अपने हिसाब से इस बयान पर अपनी प्रतिक्रिया दे रहे हैं. रवीश कुमार (Ravish Kumar) ने भी सोशल मीडिया पर एक पोस्ट लिखी है जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के बयान की खिंचाई की है.

रवीश कुमार (Ravish Kumar)

रवीश कुमार ने सोशल मीडिया पर प्रधानमंत्री मोदी के बयान पर प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने लिखा है कि, प्रधानमंत्री के इस बयान की वैज्ञानिक आलोचना हो रही है कि वह अंधविश्वास को बढ़ावा दे रहे हैं, लेकिन राजनीतिक आलोचना नहीं हो रही है. उन्होंने लिखा है कि पूछा जाना चाहिए कि क्या प्रधानमंत्री किसी तांत्रिक के संपर्क में हैं? प्रधानमंत्री को किसने बताया कि कांग्रेस ने काला कपड़ा पहनकर काला जादू किया? इस सवाल के उठने भर से उन तांत्रिकों में खलबली मच जाएगी जो ऐसी बातों का दावा करते हैं.

रवीश कुमार ने आगे लिखा है कि, अगर यह सवाल पूछा जाए कि प्रधानमंत्री जी आप काला जादू करते हैं? आप कौन सा जादू करते हैं? कौन से तांत्रिक के संपर्क में हैं? आप कैसे पकड़ लेते हैं कि कोई काला कपड़ा पहनकर काला जादू करने आ रहा है? तो जवाब दिलचस्प होगा. रवीश ने लिखा है कि भारत की राजनीति का बड़ा सच यह है कि इसके पीछे बड़ी संख्या में तांत्रिक और ज्योतिष सक्रिय भूमिका में है. सत्ता के लिए कई नेता कई लाख की पूजा कराते हैं. यह राशि 50 लाख से लेकर एक या दो करोड़ तक होती है.

रवीश कुमार ने आगे लिखा है कि, राजनीति के अर्थशास्त्र का अध्ययन करने वाला कोई भी विद्वान जोकर है, अगर वह तंत्र और पूजा पर किए जाने वाले करोड़ों रुपए के खर्चे को नहीं जोड़ता है. जिस दिन चुनाव आयोग इस खर्चे को ट्रैक कर लेगा उस दिन चुनावी खर्चे का एक गुप्त रहस्य सामने आ जाएगा. आप किसी भी नेता से पूछ लीजिए. उन्होंने लिखा है कि, मेरे हिसाब से प्रधानमंत्री का यह बयान तांत्रिकों के दो खेमे की लड़ाई का नतीजा है. वैज्ञानिक चेतना के प्रसार से उनकी सरकार का कोई लेना-देना होता तो जिस वक्त लोग कोरोना से मर रहे थे, उस वक्त उनके दो मंत्री रामदेव की टिकिया लॉन्च करने नहीं जाते.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here